Home Uncategorized यूपी में आतंकी साजिश का खुलासा, पुलिस-सेना को टारगेट करने की थी...

यूपी में आतंकी साजिश का खुलासा, पुलिस-सेना को टारगेट करने की थी योजना

21
0
Spread the love

लखनऊ

यूपी से पकड़े गए आईएसआई और पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी के लिए काम करने वाले कृष्णा मिश्रा और दानियाल अशरफ को आईएसआईएस कैंप में ट्रेनिंग कराने और पीओके में कमांडर बनाने का लालच दिया गया था। इन्हें पुलिसकर्मियों और सेना के जवानों की टारगेट किलिंग के बाद वीडियो बनाकर शहजाद भट्टी को भेजनी थी, जिसके बाद इन्हें दुबई बुलाने का वादा किया गया था, साथ ही बड़ी रकम भी देनी थी।

इसलिए ही दोनों ने भिवंडी थाना और यूपी के कुछ थानों की रेकी की थी। गजरौला में एक दरोगा की हत्या की कोशिश भी की थी, लेकिन ऐन मौके पर गोली नहीं चली। इससे पूर्व शहजाद भट्टी के माड्यूल से जुड़े 25 से ज्यादा लोगों को एसटीएफ वेसटयूपी से गिरफ्तार कर चुकी है। यूपी एटीएस और खुफिया एजेंसियों समेत स्पेशल सेल ने 5 मई को बाराबंकी के संदिग्ध आतंकी दानियाल अशरफ और कुशीनगर के कृष्णा मिश्रा को गिरफ्तार किया था।

पूछताछ में खुलासा हुआ कि दोनों को शहजाद भट्टी ने हीं स्लीपर मॉड्यूल की तरह अपने नेटवर्क में शामिल किया था और देश में पुलिस और सेना के जवानों की टारगेट किलिंग का काम दिया था। दोनों को लालच दिया था कि जैसे ही काम पूरा होगा, इन्हें तुरंत दुबई भेजा जाएगा। वहां से आईएसआईएस के ट्रेनिंग कैंप में प्रशिक्षित कराने के बाद पीओके यानी पाक अधिकृत कश्मीर में कमांडर बनाया जाएगा। बेशुमार पैसा देने का भी वादा किया गया था। इन आतंकी ट्रेनिंग कैंप की वीडियो भी कृष्णा और दानियाल को दिखाई गई थी।

मॉड्यूल से जुड़े 25 लोग वेस्ट यूपी से हो चुके गिरफ्तार
इसी नेटवर्क से जुड़े अजीम राणा को हापुड़ और मेरठ से आजाद अली को पकड़ा गया था। वहीं, कुछ दिन पहले ही एटीएस ने साकिब, अरबाब, लोकेश पंडित और विकास को एटीएस ने दबोचा था। इसके अलावा 23 अप्रैल को ही तुषार उर्फ हिजबुल्लाह और समीर की धरपकड़ हुई थी। इस नेटवर्क को खंगालने के दौरान एटीएस को कृष्णा मिश्रा और दानियाल अशरफ की सूचना मिली थी।

इस माड्यूल से जुड़ा बिजनौर का संदिग्ध आतंकी आकिब दुबई में है उसका लुकआउट नोटिस जारी हो चुका है। एटीएस अफसरों की मानें तो कृष्णा मिश्रा और दानियाल ने गजरौला में एक दरोगा को टारगेट किया था। फ्लाईओवर के नीचे दरोगा की हत्या का प्रयास किया गया था। शुक्र रहा कि इस दौरान गोली नहीं चल। चल पाई। आरोपियों की गोली हथियार में फंस गई थी, इसलिए टारगेट मिस हो गया।


Spread the love