रांची
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सभी जिलों के उपायुक्तों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान कोई भी नागरिक जानकारी के अभाव में मतदाता सूची में सम्मिलित होने से वंचित न रह जाए।
उन्होंने उपायुक्तों से कहा है कि एसआईआर को लेकर गणना प्रपत्र भरने की सही जानकारी प्रत्येक घर तक पहुंचे तथा सभी बीएलओ का निरंतर प्रशिक्षण एवं उन्मुखीकरण हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नागरिकों को गणना प्रपत्र भरने, आवश्यक दस्तावेज तथा समय-सीमा के संबंध में किसी प्रकार का भ्रम न रहे।
इसके लिए व्यापक जन-जागरूकता अभियान लगातार चलाए जाएं। सभी उपायुक्त बुजुर्गों, दिव्यांगजनों, सुदूर क्षेत्रों के निवासियों, आदिवासी समुदायों एवं राज्य से बाहर रह रहे झारखंडियों तक भी आवश्यक सूचना पहुंचाने के विशेष प्रयास करें।
मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिया है कि बीएलओ द्वारा नागरिकों के साथ विनम्र, सम्मानजनक एवं सहयोगात्मक व्यवहार सुनिश्चित किया जाए तथा प्रत्येक पात्र मतदाता को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाए।
दरअसल, एक्स पर एक संस्थान ने झारखंड के आदिवासी क्षेत्रों में एक-एक बूथ में 30 प्रतिशत मतदाताओं के नाम एसआईआर की लाजिकल डिस्क्रेपेंसी सूची में दिखने तथा कई मतदाताओं के पूर्वजों के नाम वर्ष 2003 की मतदाता सूची में नहीं होने की बात कही थी। इस पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री ने एक्स पर उक्त निर्देश दिए।
बोकारो की मेधावी छात्रा को उच्च शिक्षा में मदद के निर्देश
मुख्यमंत्री ने बोकारो की मेधावी छात्रा छोटी कुमारी को उच्च शिक्षा में मदद के निर्देश बोकारो के उपायुक्त को दिए हैं। उन्होंने उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के मंत्री सुदिव्य कुमार को भी इसपर संज्ञान लेने को कहा है।
जैक की इंटर की कला संकाय की परीक्षा में टापर रही कसमार के खैराचातर निवासी छोटी कुमारी को उच्च शिक्षा में आर्थिक सहायता की आवश्यकता की जानकारी मुख्यमंत्री को मिली थी।




