PM Housing Scheme – EVENINGTIMESCG https://eveningtimescg.com Mon, 14 Sep 2026 10:20:00 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.1.2 https://eveningtimescg.com/wp-content/uploads/2026/05/EVENING-TIMES-1.jpg PM Housing Scheme – EVENINGTIMESCG https://eveningtimescg.com 32 32 PM आवास योजना में बड़ा बदलाव, ग्रामसभा सत्यापन के बाद मिलेगा पक्का मकान, 31 अक्टूबर को फाइनल सूची https://eveningtimescg.com/major-changes-to-the-pm-housing-scheme-permanent-houses-will-be-provided-after-gram-sabha-verification-final-list-on-october-31st/ Mon, 14 Sep 2026 10:20:00 +0000 https://eveningtimescg.com/major-changes-to-the-pm-housing-scheme-permanent-houses-will-be-provided-after-gram-sabha-verification-final-list-on-october-31st/ समस्तीपुर
जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत पक्का मकान पाने की उम्मीद लगाए बैठे परिवारों के लिए बड़ी खबर है।

अगर आवास सर्वे की सूची में आपका नाम दर्ज है, तो भी आपको थोड़ा सतर्क रहने की जरूरत है। सर्वे में नाम शामिल होना योजना का लाभ मिलने की अंतिम गारंटी नहीं माना जाएगा।

ग्रामसभा में सार्वजनिक होगी सूची
सरकार के नए निर्देशों के अनुसार, अब पंचायत स्तर पर आयोजित होने वाली ग्रामसभा में आवास लाभार्थियों की प्रारूप सूची सार्वजनिक की जाएगी।

ग्रामीणों को इस सूची को देखने का पूरा मौका मिलेगा। पात्र व्यक्ति का नाम छूटने या किसी अपात्र का नाम शामिल होने पर आम लोग अपनी शिकायत दर्ज करा सकेंगे।

सत्यापन के बाद बनेगी लिस्ट
प्राप्त शिकायतों की गहन जांच और भौतिक सत्यापन के बाद ही लाभार्थियों की अंतिम प्राथमिकता सूची तैयार होगी।

बता दें कि 'आवास प्लस-2024' के तहत पांच लाख से अधिक परिवारों का सर्वे हुआ था, जिसमें प्राथमिक जांच के दौरान ही 45 हजार से अधिक लोगों को अयोग्य पाकर बाहर कर दिया गया है।

30 सितंबर तक का समय
विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रारूप सूची पंचायत के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर प्रदर्शित की जाएगी। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी दिखने पर ग्रामीण पंचायत, प्रखंड या जिला स्तर पर अपनी दावा-आपत्ति जमा कर सकते हैं।

ग्रामसभा में विचार-विमर्श के बाद अनुमोदित सूची 30 सितंबर तक संबंधित प्रखंड कार्यालय को भेजनी होगी।

अपील करने का मिलेगा मौका
प्रखंड स्तर से यह सूची जिला स्तरीय कमिटी को भेजी जाएगी। अगर कोई परिवार ग्रामसभा के फैसले से असंतुष्ट रहता है, तो उसे जिला स्तरीय अपीलीय कमिटी के समक्ष अपनी शिकायत रखने का अवसर मिलेगा।
अपीलीय कमिटी महज 15 दिनों के भीतर ऐसी सभी शिकायतों का पारदर्शी तरीके से निपटारा करेगी।

31 अक्टूबर को फाइनल लिस्ट
तमाम दावा-आपत्तियों, जांच और संशोधन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद 31 अक्टूबर को 'आवास प्लस-2024' की अंतिम प्राथमिकता सूची का आधिकारिक प्रकाशन किया जाएगा।

इससे पहले 2016 से 2021 तक SECC-2011 और उसके बाद आवास प्लस-2018 के सर्वे के आधार पर पक्के मकान बांटे गए थे।

दोबारा सर्वे की क्यों पड़ी आवश्यकता
आवास प्लस-2018 की सूची संतृप्त होने, कई योग्य परिवारों के नाम छूट जाने और नए परिवारों के गठन के कारण 'आवास प्लस-2024' के जरिए दोबारा सर्वेक्षण कराया गया।

अब इसी सर्वे की ग्रामसभा में पड़ताल होनी है, इसलिए जिन ग्रामीणों ने आवेदन किया है, उनके लिए ग्रामसभा की बैठक बेहद महत्वपूर्ण साबित होगी।

आवास सर्वे में शामिल 4.5 लाख से अधिक परिवारों को आवास योजना का लाभ दिए जाने को लेकर पंचायत स्तर पर ग्रामसभा कर सूची अनुमोदित करने का निर्देश दिया गया है। अनुमोदित सूची को सार्वजनिक स्थानों पर प्रदर्शित किया जाएगा। 15 दिनों के भीतर लोग अपना दावा-आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। 31 अक्टूबर को अंतिम सूची का प्रकाशन किया जाएगा।
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सूर्य प्रताप सिंह, डीडीसी, समस्तीपुर

 

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यूपी के 137 निकायों में 73,184 नए आवास मंजूर, PM आवास योजना को मिली रफ्तार https://eveningtimescg.com/73184-new-houses-approved-in-137-municipalities-in-uttar-pradesh-pm-housing-scheme-gains-momentum/ Tue, 11 Aug 2026 07:20:00 +0000 https://eveningtimescg.com/73184-new-houses-approved-in-137-municipalities-in-uttar-pradesh-pm-housing-scheme-gains-momentum/ लखनऊ
उत्तर प्रदेश के शहरी इलाकों में प्रधानमंत्री आवास योजना का इंतजार खत्म हो गया है।प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के लाभार्थी आधारित व्यक्तिगत आवास निर्माण (बीएलसी) के तहत प्रदेश के 137 नगर निकायों में 73,184 आवासों के निर्माण को मंजूरी मिल गई है। इस मंजूरी के साथ ही योजना के बीएलसी घटक के तहत प्रदेश में कुल स्वीकृत आवासों की संख्या 4,88,526 हो जाएगी। यह फैसला सोमवार को मुख्य सचिव एसपी गोयल की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के तहत गठित राज्य स्तरीय स्वीकृति और निगरानी समिति (एसएलएसएमसी) की बैठक में किया गया।

मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि स्वीकृत आवासीय परियोजनाओं का कार्य निर्धारित मानकों और गुणवत्तापूर्ण निर्माण के साथ तय समय-सीमा में सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने योजना के लाभार्थियों को समयबद्ध तरीके से आवासीय सुविधा उपलब्ध कराने और परियोजनाओं की नियमित निगरानी पर विशेष जोर दिया।

मुख्य सचिव ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्वीकृत परियोजनाओं की प्रगति की निरंतर समीक्षा की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि कार्यों में किसी भी प्रकार का अनावश्यक विलम्ब न हो। बैठक में प्रमुख सचिव नगर विकास पी. गुरु प्रसाद सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

मूलभूत सुविधाओं पर भी रहेगा जोर
अधिकारियों के अनुसार बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि स्वीकृत सभी आवासों में बुनियादी सुविधाओं का पूरा ध्यान रखा जाएगा। हर लाभार्थी के आवास में बिजली, पेयजल, शौचालय और रसोई गैस कनेक्शन जैसी मूलभूत सुविधाएं प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके साथ ही, पारदर्शी प्रक्रिया के तहत धनराशि की किस्तें सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएंगी, ताकि किसी भी स्तर पर बिचौलियों या भ्रष्टाचार की गुंजाइश न रहे।

कमजोर और निम्न आय वर्ग को पक्का मकान
प्रधानमंत्री आवास योजना का मुख्य उद्देश्य समाज के आर्थिक रूप से कमजोर और निम्न आय वर्ग के परिवारों को अपना पक्का मकान उपलब्ध कराना है। उत्तर प्रदेश सरकार इस योजना को धरातल पर उतारने में लगातार देश में अग्रणी भूमिका निभा रही है। नए आवासों की मंजूरी मिलने से न केवल बेघर परिवारों को सम्मानजनक जीवन जीने का अवसर मिलेगा, बल्कि शहरी क्षेत्रों के समग्र विकास और बुनियादी ढांचे को भी नई मजबूती मिलेगी।

आज के इस फैसले से उत्तर प्रदेश के शहरी बुनियादी ढांचे को नई मजबूती मिलेगी और हजारों बेघर परिवारों को अपना पक्का घर मिलने से सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा हासिल हो सकेगी। सरकार की इस पहल से निकायों में विकास कार्यों में भी तेजी आएगी।

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