Baby Birth – EVENINGTIMESCG https://eveningtimescg.com Thu, 02 Jul 2026 06:36:07 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.1.2 https://eveningtimescg.com/wp-content/uploads/2026/05/EVENING-TIMES-1.jpg Baby Birth – EVENINGTIMESCG https://eveningtimescg.com 32 32 108 एम्बुलेंस में गूंजी किलकारी, महिला ने रास्ते में दिया बच्चे को जन्म, मां-बच्चा सुरक्षित https://eveningtimescg.com/joyful-cries-fill-the-108-ambulance-woman-delivers-baby-en-route-mother-and-child-safe/ Tue, 23 Jun 2026 09:40:00 +0000 https://eveningtimescg.com/joyful-cries-fill-the-108-ambulance-woman-delivers-baby-en-route-mother-and-child-safe/ गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही.

छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में 108 संजीवनी एम्बुलेंस एक बार फिर जीवनदायिनी साबित हुई. ग्राम करजा निवासी गर्भवती महिला गोमती को प्रसव पीड़ा होने पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था. जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें सिम्स अस्पताल बिलासपुर रेफर कर दिया.

हालांकि रास्ते में ही प्रसव पीड़ा तेज हो गई, जिसके बाद एम्बुलेंस स्टाफ की तत्परता से महिला का सुरक्षित प्रसव कराया गया. महिला ने एक स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया. फिलहाल जच्चा और बच्चा दोनों पूरी तरह सुरक्षित हैं. जानकारी के अनुसार, कोरजा (गौरेला) निवासी गोमती (28 वर्ष), पति संदीप को प्रसव पीड़ा होने पर जिला अस्पताल GPM में भर्ती कराया गया था. डॉक्टरों ने चेकउप के बाद पाया कि ‘ प्रसव में रुकावट’ थी और प्रोग्रेस नहीं हो पा रही थी. इसके साथ जिला अस्पताल में एनेस्थीसिया डॉक्टर उपलब्ध नहीं होने से डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए सिम्स (CIMS) बिलासपुर रेफर कर दिया.

​परिजन आनन-फानन में महिला को डायल 108 एम्बुलेंस से बिलासपुर ले जा रहे थे. सफर के दौरान जैसे ही एम्बुलेंस कोनी (बिलासपुर) के पास पहुंची, महिला की प्रसव पीड़ा असहनीय हो गई और स्थिति काफी नाजुक हो गई. ​गंभीरता को देखते हुए ड्यूटी पर तैनात ईएमटी (EMT) चंद्रिका प्रसाद ने तुरंत गाड़ी रुकवाई. उन्होंने बिना समय गंवाए सहायक पायलट शिवशंकर पुरी और साथ में मौजूद मितानिन के सहयोग से एम्बुलेंस के भीतर ही प्रसव कराने का निर्णय लिया.​

​स्टाफ की कुशलता से महिला का प्रसव पूरी तरह सफल रहा और एम्बुलेंस में ही किलकारी गूंज उठी. गोमती ने एक स्वस्थ शिशु को जन्म दिया. सफल प्रसव के बाद संजीवनी 108 की टीम ने बिना देरी किए जच्चा और बच्चा दोनों को सिम्स अस्पताल बिलासपुर में दाखिल कराया. जहां डॉक्टरों की देखरेख में दोनों की स्थिति पूरी तरह सामान्य और स्वस्थ बताई जा रही है. विपरीत परिस्थितियों में सूझबूझ दिखाकर सुरक्षित प्रसव कराने के लिए परिजनों ने संजीवनी 108 के स्टाफ और मितानिन का आभार व्यक्त किया है. सोशल मीडिया पर भी लोग इस जीवन रक्षक टीम की जमकर सराहना कर रहे हैं.

व्यवस्था पर सवाल
पिछले 25 दिनों से स्थाई एनेस्थीसिया डॉक्टर का जिला अस्पताल में न होना कहीं न कहीं आम लोगों के स्वास्थ्य से साथ खिलवाड़ है. ​वर्तमान में मनेंद्रगढ़ से वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर एनेस्थीसिया डॉक्टर बुलाए जाते हैं. स्थाई डॉक्टर न होने के कारण आपातकालीन स्थितियों में डॉक्टरों को न चाहते हुए भी गर्भवती महिलाओं और गंभीर मरीजों को बिलासपुर रेफर करना पड़ रहा है, जिससे मरीजों की जान जोखिम में बनी रहती है.

]]>